आकस्मिकता प्रबंधन योजना
1. उद्देश्य
आकस्मिकता प्रबंधन योजना का उद्देश्य AIIMS बिलासपुर की आधिकारिक वेबसाइट की उपलब्धता, अखंडता या सामान्य संचालन को प्रभावित करने वाली घटनाओं से निपटने के लिए आवश्यक व्यवस्थाएँ निर्धारित करना है। इसका लक्ष्य समय पर घटना की सूचना देना, समन्वित कार्रवाई करना, सेवाओं को बहाल करना तथा आधिकारिक जानकारी की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
2. कार्यक्षेत्र
यह योजना वेबसाइट, सामग्री प्रबंधन प्रणाली (CMS), होस्टिंग अवसंरचना, डोमेन एवं DNS सेवाओं, डेटाबेस, फ़ाइल संग्रहण, बैकअप, एकीकरण तथा वेबसाइट संचालन के लिए आवश्यक अन्य घटकों को प्रभावित करने वाली घटनाओं पर लागू होती है।
इसमें तकनीकी विफलताएँ, आकस्मिक परिवर्तन, साइबर घटनाएँ, डेटा की हानि, सेवा प्रदाता की सेवाओं में व्यवधान तथा ऐसी अन्य घटनाएँ शामिल हैं, जिनसे उपयोगकर्ताओं को सटीक एवं अधिकृत जानकारी प्राप्त करने में बाधा उत्पन्न हो सकती है।
3. उद्देश्यगत लक्ष्य
- आधिकारिक जानकारी तक आम जनता की पहुँच में होने वाले व्यवधान को कम करना।
- घटनाओं की सूचना एवं उनके उच्च स्तर पर प्रेषण की स्पष्ट व्यवस्था स्थापित करना।
- संस्थान की जानकारी की अखंडता एवं गोपनीयता की रक्षा करना।
- अधिकृत पुनर्प्राप्ति प्रक्रियाओं के माध्यम से वेबसाइट सेवाओं को बहाल करना।
- घटना के दौरान सटीक एवं अनुमोदित सार्वजनिक सूचना सुनिश्चित करना।
- घटनाओं, सुधारात्मक कार्रवाइयों एवं प्राप्त अनुभवों का अभिलेख रखना।
4. आकस्मिक स्थितियों के प्रकार
निम्नलिखित स्थितियों में इस योजना को सक्रिय किया जा सकता है:
- वेबसाइट बंद होना या होस्टिंग सेवा में गंभीर विफलता।
- डेटाबेस खराब होना, गलती से डेटा हटना या डेटा की हानि।
- साइबर सुरक्षा संबंधी घटनाएँ, वेबसाइट से छेड़छाड़ की आशंका या अनधिकृत सामग्री परिवर्तन।
- डोमेन, DNS, नेटवर्क या संबंधित तकनीकी सेवाओं में विफलता।
- सॉफ़्टवेयर अपडेट या कॉन्फ़िगरेशन परिवर्तन के बाद तकनीकी खराबी।
- वेबसाइट के आवश्यक कार्यों, फ़ॉर्म या दस्तावेज़ डाउनलोड सेवाओं में विफलता।
- महत्वपूर्ण तकनीकी सेवा प्रदाता की सेवाओं की अनुपलब्धता।
- वेबसाइट की अखंडता या उपलब्धता को गंभीर रूप से प्रभावित करने वाली कोई अन्य घटना।
5. भूमिकाएँ एवं उत्तरदायित्व
5.1 संस्थान प्रशासन
नामित संस्थागत प्राधिकारी प्रशासनिक निगरानी प्रदान करेगा, विभिन्न संबंधित पक्षों के बीच समन्वय सुनिश्चित करेगा तथा आवश्यकता के अनुसार प्रमुख निर्णयों और सार्वजनिक संचार को अनुमोदित करेगा।
5.2 वेब सूचना प्रबंधक
नामित वेब सूचना प्रबंधक वेबसाइट से संबंधित घटना-संचार का समन्वय करेगा, संबंधित विभागों से संपर्क बनाए रखेगा तथा आवश्यक प्रशासनिक स्तर पर सूचना प्रेषण एवं अनुवर्ती कार्रवाई सुनिश्चित करेगा।
5.3 IT टीम/अधिकृत तकनीकी सेवा प्रदाता
अधिकृत तकनीकी टीम घटना की जाँच करेगी, संबंधित तकनीकी अभिलेख सुरक्षित रखेगी, अनुमोदित नियंत्रण एवं पुनर्प्राप्ति उपाय लागू करेगी, सेवाओं को बहाल करेगी तथा बहाली के बाद प्रणाली का सत्यापन करेगी।
5.4 संबंधित विभाग या सामग्री स्वामी
संबंधित विभाग प्रभावित सामग्री की सटीकता की पुष्टि करेगा तथा आवश्यकता पड़ने पर अनुमोदित प्रतिस्थापन सामग्री उपलब्ध कराएगा।
5.5 अधिकृत संचार कर्मी
वेबसाइट से संबंधित किसी बड़ी घटना के संबंध में आधिकारिक सार्वजनिक वक्तव्य, सूचना या सेवा अपडेट केवल संस्थान द्वारा अधिकृत कर्मियों के माध्यम से जारी किए जाएंगे।
संबंधित अधिकारियों के नाम, संपर्क विवरण एवं ड्यूटी संबंधी उत्तरदायित्व संस्थान की अनुमोदित आंतरिक संपर्क एवं सूचना प्रेषण निर्देशिका में सुरक्षित रखे जाएंगे।
6. घटना प्रतिक्रिया प्रक्रिया
चरण 1 — पहचान एवं सूचना
घटनाओं की पहचान निगरानी अलर्ट, उपयोगकर्ताओं की शिकायतों, तकनीकी सहायता, सिस्टम लॉग या नियमित जाँच के माध्यम से की जा सकती है। प्रत्येक घटना की सूचना निर्धारित तकनीकी सहायता माध्यम से दी जाएगी।
चरण 2 — आकलन एवं वर्गीकरण
अधिकृत टीम प्रभावित सेवाओं, संभावित कारणों, डेटा पर संभावित प्रभाव तथा सार्वजनिक पहुँच पर पड़ने वाले परिणामों का आकलन करेगी। घटना का वर्गीकरण उसकी गंभीरता एवं तात्कालिकता के आधार पर किया जाएगा।
चरण 3 — नियंत्रण
आवश्यकता पड़ने पर तकनीकी टीम व्यवधान को सीमित करने, अनधिकृत पहुँच रोकने तथा प्रभावित प्रणालियों की सुरक्षा के लिए अधिकृत उपाय करेगी। जहाँ उपयुक्त हो, संबंधित साक्ष्य एवं लॉग सुरक्षित रखे जाएंगे।
चरण 4 — पुनर्प्राप्ति
तकनीकी टीम घटना के कारण की जाँच करेगी तथा सत्यापित बैकअप, अनुमोदित कॉन्फ़िगरेशन, सत्यापित फ़ाइलों या अन्य अधिकृत पुनर्प्राप्ति विधियों के माध्यम से प्रभावित सेवाओं को बहाल करेगी। पुनर्प्राप्ति संबंधी कार्रवाइयों का अभिलेख रखा जाएगा।
चरण 5 — सत्यापन
सेवा बहाल घोषित करने से पहले अधिकृत टीम वेबसाइट की उपलब्धता, प्रमुख पृष्ठों, सामग्री की अखंडता, लिंक तथा आवश्यक सार्वजनिक सेवाओं का सत्यापन करेगी। यदि सुरक्षा से समझौता होने की आशंका हो, तो सामान्य संचालन बहाल करने से पहले आवश्यक सुरक्षा जाँच पूरी की जाएगी।
चरण 6 — संचार
यदि किसी घटना से सार्वजनिक जानकारी तक पहुँच गंभीर रूप से प्रभावित होती है, तो संस्थान अनुमोदित सेवा सूचना प्रकाशित कर सकता है या किसी अधिकृत वैकल्पिक माध्यम से जानकारी उपलब्ध करा सकता है। सार्वजनिक सूचनाओं में संवेदनशील तकनीकी विवरण प्रकट नहीं किए जाएंगे।
चरण 7 — समापन एवं समीक्षा
उचित सत्यापन एवं प्राधिकरण के बाद घटना को बंद किया जाएगा। घटना के अभिलेख में कारण, प्रभाव, की गई कार्रवाई, सेवा बहाली तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुझाए गए उपाय दर्ज किए जाएंगे।
7. बैकअप एवं पुनर्स्थापन
वेबसाइट के डेटाबेस, फ़ाइलों, कॉन्फ़िगरेशन तथा अन्य आवश्यक घटकों का बैकअप संस्थान की अनुमोदित बैकअप एवं पुनर्प्राप्ति व्यवस्था के अनुसार लिया जाएगा।
अधिकृत तकनीकी टीम, जहाँ लागू हो, निम्नलिखित सुनिश्चित करेगी:
- बैकअप की समय-सारणी एवं उत्तरदायित्वों का दस्तावेजीकरण।
- बैकअप प्रतियों को अनधिकृत पहुँच एवं बदलाव से सुरक्षित रखना।
- पुनर्स्थापन प्रक्रियाओं का दस्तावेजीकरण एवं समय-समय पर परीक्षण।
- सत्यापित बैकअप प्रतियों एवं अधिकृत कॉन्फ़िगरेशन के माध्यम से पुनर्स्थापन।
- पुनर्प्राप्ति कार्रवाइयों का अभिलेख रखना तथा बहाल वेबसाइट की अखंडता की जाँच करना।
बैकअप की आवृत्ति, अभिलेख प्रतिधारण अवधि, पुनर्प्राप्ति समय लक्ष्य (RTO) तथा पुनर्प्राप्ति बिंदु लक्ष्य (RPO) संस्थान की आवश्यकताओं एवं उपलब्ध अवसंरचना के आधार पर संबंधित तकनीकी प्राधिकारी द्वारा निर्धारित एवं अनुमोदित किए जाएंगे। यह योजना उन पुनर्प्राप्ति लक्ष्यों को निर्धारित नहीं करती जिन्हें औपचारिक रूप से अनुमोदित नहीं किया गया है।
8. साइबर सुरक्षा संबंधी घटनाएँ
वेबसाइट से छेड़छाड़, वेबसाइट विकृति (Defacement), अनधिकृत पहुँच या संवेदनशील जानकारी के उजागर होने की आशंका की सूचना अनुमोदित संस्थागत सुरक्षा प्रक्रिया के माध्यम से तत्काल संबंधित प्राधिकारी को दी जाएगी।
अधिकृत टीम उचित नियंत्रण एवं जाँच संबंधी उपाय करेगी और लागू निर्देशों एवं कानूनों के अनुसार आवश्यक होने पर संबंधित संस्थागत तथा बाहरी प्राधिकारियों, जिनमें संबंधित साइबर सुरक्षा प्राधिकारी भी शामिल हैं, को सूचित करेगी। साक्ष्य सुरक्षित रखे जाएंगे तथा पुनर्प्राप्ति अनुमोदित सुरक्षा प्रक्रियाओं के अनुसार की जाएगी।
9. वैकल्पिक संचार व्यवस्था
वेबसाइट अनुपलब्ध होने की स्थिति में संस्थान की स्वीकृति के अधीन आवश्यक सार्वजनिक जानकारी उपलब्ध कराने के लिए अधिकृत वैकल्पिक संचार माध्यमों का उपयोग किया जा सकता है। ऐसे माध्यमों से जारी जानकारी सत्यापित एवं आधिकारिक अभिलेखों के अनुरूप होगी तथा वेबसाइट की सामान्य सेवा बहाल होने पर आवश्यकतानुसार अद्यतन की जाएगी।
10. परीक्षण, प्रशिक्षण एवं तैयारी
संबंधित तकनीकी एवं प्रशासनिक टीमों को आकस्मिकता संबंधी व्यवस्थाओं, बैकअप पुनर्स्थापन प्रक्रियाओं, संपर्क सूचियों तथा सूचना प्रेषण मार्गों की समय-समय पर समीक्षा करनी चाहिए। संस्थान की स्वीकृति के अनुसार पुनर्प्राप्ति अभ्यास आयोजित किए जा सकते हैं। पहचानी गई कमियों का अभिलेख रखकर उनका समाधान किया जाना चाहिए।
11. दस्तावेजीकरण एवं घटना-पश्चात समीक्षा
महत्वपूर्ण घटनाओं के लिए समय-क्रम, प्रभावित सेवाओं, प्रभाव, की गई कार्रवाइयों, बहाली की स्थिति तथा प्राप्त अनुभवों सहित उचित अभिलेख सुरक्षित रखे जाएंगे। आवश्यकता पड़ने पर संबंधित प्राधिकारी ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति की संभावना या प्रभाव को कम करने हेतु सुधारात्मक एवं निवारक उपायों को अनुमोदित करेगा।
12. समीक्षा एवं अनुमोदन
इस योजना की समय-समय पर, महत्वपूर्ण घटनाओं के बाद तथा वेबसाइट अवसंरचना, तकनीकी सेवा व्यवस्थाओं या लागू सरकारी निर्देशों में महत्वपूर्ण परिवर्तन होने पर समीक्षा की जाएगी। इसका कार्यान्वयन AIIMS बिलासपुर के सक्षम प्राधिकारी के अनुमोदन के अधीन होगा।